बचपन क्या समय होता है. खेल कूद में ही केसे 20 साल निकल जाते है पता भी नहीं चलता उसके बाद पढ़ाइ ख़तम होत...

पति पत्नी की यह कहानी पढ़ कर आपके आंख में भी आंसू आ जायेगे.


                      
        बचपन क्या समय होता है. खेल कूद में ही केसे 20 साल निकल जाते है पता भी नहीं चलता उसके बाद पढ़ाइ ख़तम होते होते 22 साल के हो जाते है. 3 या 4 नोक्रिया बदलकर शादी का समय हो जाता है. एक नया रिश्ता बनता है जिंदगी में पहली बार ऐसा महसूस होता है की किसीके लिए जी रहे है हम. शादी के नये नये सालोमे हाथ पकड़कर यूह चलना.

        नयी शादी के दोरान साथ में होते संग समय कब चला जाता है उसका भी पता नहीं चलता. धीरे धीरे यह समय बच्चो के ऊपर आ जाता है. फिर बच्चे को बड़ा करते करते हमारे 55 साल बीत जाते है. धीरे धीरे बच्चो की वजह से प्यार को कम करना पड़ता है. बच्चो की पढ़ाइ ख़तम होने के बाद विदेश चले जाते है.

         उस्सी तरह विदेश जाके बच्चे ने अपने पिताजी को फ़ोन लगाया की पिताजी में विदेश में सेटल हो गया हु और हां मुझे अच्छी सी नौकरी भी मिल गयी है और मेने यहाँ पे शादी करली है. आप अपना ख्याल रखना अब मुझे आपके पैसे नहीं चाहिए. यह बात बता कर बच्चे ने फ़ोन काट दिया.

         आज एक पिता अपने बेटे को कम प्यार न दे सके उसकी वजह से उसकी पत्नी को कम प्यार करने लग गया था.

       उस्सी समय पर उसने अपनी पत्नी को आवाज लगायी सुनती हो कही हाथो में हाथ डालकर बहार चले क्या. तभी उसकी पत्नीने कहा एक मिनट आती हु. उसके बाद लगभग 30 मिनट बित चुके थे. उसकी पत्नी ने आकार कहा आप कुछ बता रहे थे मुझे सुनाइ नहीं दिया क्या बोल रहे थे ओ.

       उसके पतीने कहा कही चलते है आज फिर ओ याद तजा करते है जब तुम और हम अकेले थे. हथोमे हाथ लगाये किसी जगह पे बेथे रहते थे. आज यह बात सुनकर उसकी पत्नी के आँखों में आसू आ गए थे. उस्सी समय खाना अपने हथोमे लेकर हाथो में हाथ डालकर बहार चले.

आज फिर वही ख़ुशी चेहरों में चमक रही थी जो आज से 30 या 35 साल पहले थी. दोनों ने बहार अच्छी जगह पर खाना खाया और पुरानी बातो को फिर से दोहराया.


धन्यवाद दोस्तों आपका बहुमूल्य समय देने के लिए अगर आपको हमारी यह कहानी पसंद आयी तो आप हमारे फेसबुक पेज को लाइक कर सकते हो.

0 कमेन्ट यहाँ कीजिये: